Monday, October 19th, 2026

प्राइवेट विद्यार्थियों के नामांकन में नहीं दिखा रहे रूचि

ओबैदुल्लागंज
ओबैदुल्लागंज के वीर सावरकर शासकीय महाविद्यालय में पढ़ने वाले छात्र-छात्रा अपने भविष्य को लेकर चिंतित नजर आ रहे हैं। इन विद्यार्थियों  की चिंता का मुख्य कारण नियमित कक्षा आॅनलाइन ना लगना है आपको बता दें कि, सरकार ने कोरोना महामारी के कारण आॅनलाइन कक्षाएं संचालित करने का प्रशंसनीय निर्णय लिया था जिससे महाविद्यालय में छात्र-छात्राओं की भीड़ ना उमड़े और पढ़ाई भी बाधित न हो। लेकिन वर्तमान में अधिकांश विषय की आॅनलाइन कक्षायें नहीं लग रही है, जिससे विद्यार्थियों के माथे पर चिंता की लकीरें साफ देखी जा सकती हैं।

वहीं दूसरी ओर क्षेत्र के सैकड़ों विद्यार्थी कॉलेज में सीमित सीटें होने के कारण प्रवेश लेने से वंचित रह गए थे, ऐसे में इनको यह उम्मीद थी कि, प्रथम वर्ष की परीक्षा में हम प्राइवेट परीक्षार्थी के रूप में सम्मिलित होकर आगे की पढ़ाई को निरंतर रख सकेंगे, परंतु महाविद्यालय प्रशासन ऐसे किसी भी विद्यार्थी को स्वाध्यायी के रूप में परीक्षा में सम्मिलित ही नहीं करना चाहता है, ऐसे में इनको प्रायवेट फॉर्म भरने के साथ ही परीक्षा देने भी प्रति दिन भोपाल ही दौड़ना पडेगा, जब हमने इस बारे में महाविद्यालय के प्रिंसिपल सत्यदेव मिश्रा से बात की तो उन्होंने यह कहते हुए पल्ला झाड़ लिया।

महाविद्यालय में लगभग दो हजार विद्यार्थी है जिस वजह से परीक्षा में विद्यार्थियों को बैठने के लिये जगह कम पड़ जाती है, साथ ही कॉलेज में भोज ओपन यूनिवर्सिटी का परीक्षा सेंटर भी है, ऐसे में जो परीक्षार्थी बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय से प्रथम वर्ष की परीक्षा में स्वाध्यायी रूप से रुप में सम्मिलित होना चाहते हैं वह भोज मुक्त विश्वविद्यालय के माध्यम से परीक्षा में सम्मिलित हो सकते हैं। क्षेत्रीय विधायक और पूर्व मंत्री पटवा को शीघ्र ही ध्यान देकर इस समस्या का निराकरण कराना चाहिए।

 

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Source : Agency

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